Vaishakh Amavasya 2026: हिंदू पंचांग के अनुसार वैशाख अमावस्या का विशेष धार्मिक महत्व होता है, इस दिन पितरों की शांति के लिए स्नान, दान और पूजा-पाठ किया जाता है. लेकिन लोगों के मन में बड़ा सवाल बना हुआ है कि वैशाख अमावस्या 17 अप्रैल को है या 18 अप्रैल को?
http://AkshayaTritiya2026: भूलकर भी न करें ये गलती! अक्षय तृतीया पर लक्ष्मी जी हो सकती हैं नाराज
कब है वैशाख अमावस्या 2026?
पंचांग के अनुसार, वैशाख अमावस्या तिथि की शुरुआत 16 अप्रैल 2026, गुरुवार को रात 08 बजकर 11 मिनट पर हो रही है, जबकि इसका समापन 17 अप्रैल 2026, शुक्रवार को पूरे दिन रहेगा. ऐसे में हिंदू धर्म के नियमों के अनुसार, जिस दिन सूर्योदय के समय अमावस्या तिथि रहती है, उसी दिन व्रत और स्नान-दान करना शुभ माना जाता है. इसलिए वैशाख अमावस्या 17 अप्रैल, शुक्रवार को मनाई जाएगी.
क्यों है यह दिन खास?
वैशाख अमावस्या के दिन पवित्र नदियों में स्नान करना और पितरों के लिए तर्पण करना अत्यंत पुण्यदायी माना जाता है, मान्यता है कि इस दिन किए गए दान-पुण्य से पितृ दोष शांत होता है और जीवन में सुख-समृद्धि आती है.
क्या करें इस दिन?
सुबह जल्दी उठकर स्नान करें, संभव हो तो गंगा स्नान करें, पितरों के लिए तर्पण और श्राद्ध करें, जरूरतमंदों को भोजन, वस्त्र और जल का दान करें, भगवान विष्णु और पितरों का ध्यान करें.
ध्यान रखने वाली बातें
इस दिन तामसिक भोजन और नकारात्मक विचारों से दूर रहें, किसी का अपमान या झगड़ा करने से बचें, श्रद्धा और नियम से पूजा करें.
यह भी पढ़े- GarudPuranRule: गरुड़ पुराण के अनुसार छोटे बच्चों का दाह संस्कार क्यों नहीं होता? जानिए


























