नालंदा। बिहार सरकार के निर्देश पर नालंदा जिले की सभी पंचायतों में फार्मर रजिस्ट्री शिविर युद्ध स्तर पर आयोजित किए जा रहे हैं। जिला कृषि विभाग के अधिकारी कुंदन कुमार लगातार पंचायतों का भ्रमण कर पंजीकरण कार्य की निगरानी कर रहे हैं। उतरनामा पंचायत में भी आयोजित शिविर में बड़ी संख्या में किसानों का सफल पंजीकरण किया गया।

डिजिटल पहचान से योजनाओं का पूरा लाभ
पंचायत मुखिया सरयुग प्रसाद सिन्हा ने बताया कि फार्मर रजिस्ट्री के जरिए किसानों को डिजिटल पहचान प्रदान की जा रही है। इससे सरकारी योजनाओं का पूर्ण लाभ निर्बाध रूप से मिलेगा। किसान सलाहकार कुमारी नूतन सिन्हा ने बताया कि पहले ई-केवाईसी की जाती है, फिर फार्मर आईडी बनाई जाती है।
फर्जी किसानों पर लगाम, सही लाभार्थी चिह्नित
कुमारी नूतन सिन्हा ने खुलासा किया कि पहले फर्जी किसानों द्वारा सरकारी योजनाओं का लाभ लिया जा रहा था। अब फार्मर रजिस्ट्री से यह रुकावट दूर हो रही है। इससे निम्नलिखित लाभ मिलेंगे:
- एमएसपी पर फसल बिक्री
- फसल क्षति पर मुआवजा
- प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि का लाभ

तकनीकी चुनौतियां, निरंतर समाधान
हालांकि पासवर्ड और लिंक फेल जैसी तकनीकी समस्याएं आ रही हैं, लेकिन उनका त्वरित समाधान किया जा रहा है। जिले में वर्तमान में 1,74,785 किसान पीएम किसान योजना से लाभान्वित हो रहे हैं।
रिपोर्ट: वीरेंद्र कुमार, नालंदा
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