पाकिस्तान की प्रमुख फ्रेंचाइज़ी लीग Pakistan Super League ने अपने सैलरी कैप को बढ़ाया है ताकि खिलाड़ियों को बेहतर भुगतान मिल सके और लीग की प्रतिस्पर्धा बढ़ सके। इसके बावजूद यह कैप भारतीय प्रीमियर लीग (IPL) की तुलना में बहुत ही कम है। इतना ही नहीं, Rishabh Pant जैसे एक ही खिलाड़ी की IPL की कमाई एक पूरे PSL टीम की सैलरी कैप से भी ज़्यादा बताई जा रही है।
PSL ने सैलरी कैप क्यों बढ़ाया?
पीएसएल ने 2026 सत्र के लिए प्रत्येक फ्रेंचाइज़ी की सैलरी कैप बढ़ाकर लगभग $1.6 मिलियन (लगभग ₹13.3 करोड़) कर दी है ताकि खिलाड़ी बेहतर रूप से भुगतान पा सकें और विदेशी क्रिकेटरों को भी आकर्षित किया जा सके। लेकिन यह बढ़ोतरी भी IPL के स्तर से बहुत दूर है।
IPL का बड़ा फ़र्क
IPL में खिलाड़ी की सैलरी और टीम की सैलरी कैप के बीच फर्क बहुत बड़ा है। IPL में शीर्ष खिलाड़ियों की आय करोड़ों रुपये तक होती है। उदाहरण के लिए, Rishabh Pant जैसे खिलाड़ी की कमाई अकेले एक IPL सत्र में इतनी होती है कि वह पूरी PSL टीम की कमाई का लगभग दो गुना हो जाती है — यानी एक खिलाड़ी एक टीम से ज़्यादा कमाई करता है।
यह फर्क इस बात को दिखाता है कि IPL दुनिया की सबसे धनी T20 लीगों में से एक है, जबकि PSL अभी भी विकास के चरण में है और अपनी वित्तीय क्षमता बढ़ा रही है।
PSL vs IPL: तुलना
- PSL सैलरी कैप: लगभग $1.6 मिलियन प्रति फ्रेंचाइज़ी
- IPL सैलरी (उदाहरण): एक ही खिलाड़ी (Rishabh Pant) की कमाई PSL टीम के कुल बजट से भी ज़्यादा
- सार्वजनिक खेल स्तर: दोनों लीगें बहुत लोकप्रिय हैं, लेकिन IPL का आर्थिक स्तर PSL से आगे है।
लीग्स का विकास और भविष्य
PSL ने न केवल सैलरी कैप बढ़ाया है, बल्कि ड्राफ्ट सिस्टम को खत्म कर ऑक्शन मॉडल अपनाने जैसे बदलाव भी किए हैं ताकि लीग को IPL जैसे वैश्विक मंच से जोड़ने में मदद मिल सके। इससे खिलाड़ियों और फ्रेंचाइज़ियों को अधिक पारदर्शिता और प्रतिस्पर्धा का मौका मिलेगा।
फिर भी, वर्तमान में आर्थिक स्तर और खिलाड़ियों की कमाई की तुलना में PSL को IPL के स्तर तक पहुंचने में समय लगता दिख रहा है। आने वाले कुछ वर्षों में लीग के विस्तार और वित्तीय सुधार से यह फर्क कम हो सकता है।
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