Thursday’s solution: ज्योतिष शास्त्र में गुरु ग्रह को ज्ञान, धर्म, भाग्य और समृद्धि का कारक माना गया है. कुंडली में गुरु दोष होने पर व्यक्ति को शिक्षा, करियर, विवाह और आर्थिक मामलों में अनेक बाधाओं का सामना करना पड़ता है, ऐसे में गुरुवार का दिन भगवान विष्णु की आराधना के लिए विशेष रूप से फलदायी माना गया है. धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इस दिन किए गए उपायों से गुरु दोष की शांति संभव है.
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क्यों खास है गुरुवार?
गुरुवार का संबंध देवगुरु बृहस्पति और भगवान विष्णु से माना जाता है. शास्त्रों में कहा गया है कि भगवान विष्णु की कृपा से ही गुरु ग्रह मजबूत होता है, यही कारण है कि गुरुवार के दिन विष्णु पूजा और मंत्र जाप करने से गुरु दोष का प्रभाव कम होने लगता है और जीवन में सकारात्मक बदलाव दिखाई देते हैं.
गुरु दोष के लक्षण
ज्योतिषाचार्यों के अनुसार कुंडली में गुरु दोष होने पर व्यक्ति को बार-बार कार्यों में विफलता, आत्मविश्वास की कमी, निर्णय लेने में परेशानी और धन संबंधी समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है. कई बार विवाह में देरी और संतान सुख में बाधा भी गुरु दोष के कारण देखी जाती है.
गुरुवार का खास उपाय
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार गुरुवार की सुबह स्नान के बाद पीले वस्त्र धारण करें और घर के मंदिर में भगवान विष्णु की पूजा करें. इसके बाद श्रद्धा और नियम के साथ विष्णु मंत्र का जाप करें, माना जाता है कि इस उपाय को नियमित रूप से करने से गुरु दोष शांत होता है और भाग्य का साथ मिलने लगता है.
दान का विशेष महत्व
गुरुवार के दिन पीले वस्त्र, चना दाल, हल्दी या केले का दान करना अत्यंत शुभ माना गया है, कहा जाता है कि दान करने से गुरु ग्रह प्रसन्न होता है और व्यक्ति के जीवन से आर्थिक व मानसिक परेशानियां धीरे-धीरे दूर होने लगती हैं.
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