Types Of Friendship: दोस्ती सिर्फ एक रिश्ता नहीं, बल्कि जिंदगी का वो हिस्सा है जो मुश्किल समय में सहारा देता है और खुशियों को दोगुना कर देता है. हर दोस्ती एक जैसी नहीं होती कुछ दोस्त बचपन से साथ होते हैं, कुछ रास्ते में मिलते हैं और कुछ जिंदगी को नई दिशा देते हैं, तो आइए जानें कि दोस्ती कितनी तरह की होती है और हर दोस्ती की अपनी खासियत क्या है.
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बचपन की दोस्ती– यह दोस्ती सबसे मासूम और सच्ची मानी जाती है. बिना मतलब, बिना शर्त निभाई जाने वाली यह दोस्ती उम्र के साथ और मजबूत होती जाती है.
स्कूल-कॉलेज की दोस्ती– पढ़ाई, मस्ती, सपने और संघर्ष सब कुछ साथ जीने वाली दोस्ती, ये दोस्त अक्सर जिंदगी की यादों का सबसे खूबसूरत हिस्सा बन जाते हैं.
सच्ची दोस्ती– यह वो दोस्ती होती है जो हर हाल में साथ निभाती है. अच्छे-बुरे समय में साथ खड़े रहने वाले दोस्त ही सच्चे दोस्त कहलाते हैं.
मतलब की दोस्ती– इस तरह की दोस्ती किसी फायदे या ज़रूरत पर टिकी होती है. काम निकलते ही अक्सर यह रिश्ता कमजोर पड़ जाता है.
टाइम-पास दोस्ती– ये दोस्ती सिर्फ समय काटने या बातचीत तक सीमित रहती है, इसमें भावनात्मक गहराई कम होती है.
ऑनलाइन दोस्ती– सोशल मीडिया के दौर में ऑनलाइन दोस्ती आम हो गई है. कुछ ऑनलाइन दोस्त अच्छे साबित होते हैं, तो कुछ से सावधान रहना जरूरी होता है.
कामकाजी दोस्ती– ऑफिस या कार्यस्थल पर बनने वाली दोस्ती, सही मायनों में यह दोस्ती प्रोफेशनल सपोर्ट और मोटिवेशन देती है.
सलाह देने वाली दोस्ती– ऐसे दोस्त जो मुश्किल वक्त में सही रास्ता दिखाते हैं और आपको गलत फैसलों से बचाते हैं.
दोस्ती को पहचानना क्यों जरूरी है
हर दोस्ती हमेशा निभाने लायक नहीं होती, यह समझना जरूरी है कि कौन-सी दोस्ती आपको आगे बढ़ा रही है और कौन-सी आपको पीछे खींच रही है.
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